क्रान्ति के कपड़े

अर्चना वर्मा अर्चना वर्मा प्रसिद्ध कथाकार और स्त्रीवादी विचारक हैं.  ई मेल :  [email protected] 2007 के अन्तरराष्ट्रीय -वाणिज्य-मेले के समय 'हिन्दुस्तान टाइम्स' में एक...

कृषि प्रधान देश में महिला खेतिहर की दैन्य वास्तविकता

मंजू शर्मा सोशल मीडिया में सक्रिय मंजू शर्मा साहित्य लेखन की ओर प्रवृत्त हैं .संपर्क : ई मेल- [email protected] आंगन के, आंगन के बिरवा...

धारा 377 की मौत और पितृसत्तात्मक विमर्श पद्धति

जया निगम  जेंडर से जुड़े बहुत सारे कानूनी मसलों पर भारत में चल रही कानूनी लड़ाईयों पर पितृसत्तात्मक बुद्धिजीवियों का विश्लेषणात्मक रवैया कुछ ऐसा है...

वायरल वीडियो और हिंसक-अश्लील ऐशट्रे के बहाने

पारुल अग्रवाल  दो दिन के फेर में वायरल हुए दो पोस्ट अश्लीलता, भद्देपन और निजी-स्वतंत्रता के फर्क को इतनी बेहतरी से समझा पाएं, ये सोशल-मीडिया...

दिल्ली में नाइजीरियन यौन- दासियाँ

OLUTOSIN OLADOSU ADEBOWALE OLUTOSIN OLADOSU ADEBOWALE  स्त्री अधिकार कार्यकर्ता हैं, नागारिक पत्रकार हैं. वे बच्चों पर यौन हिंसा के खिलाफ काम करती हैं...

औरत , विज्ञापन और बाजार

अदिति शर्मा केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण, बैंगलोर पीठ में हिंदी अनुवादक संपर्क-ई-मेल : [email protected] अदिति शर्मा स्त्री  मुक्ति चेतना व स्त्रीवादी दृष्टिकोण पर बहुत कुछ लिखा जा...

भगवान! ‘एक कटोरा भात खिला दो बस, भारत में भात नहीं मिला’

ज्योति प्रसाद  शोधरत , जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय. सम्पर्क: [email protected] स्वर्ग और नरक के बीच भूखी बच्ची वहाँ भी फंस गयी, उम्र 11 साल. क्या...

जजिया कर से भी ज्यादा बड़ी तानाशाही है लहू पर लगान

संपादकीय  सोचता हूँ कि सैनिटरी पैड पर लगाया जाने वाला टैक्स क्या पुरुष लिंग के अहम से उपजा निर्णय नहीं है? क्या निर्णय लेने वाली...

अभी तक रॉड, तेज़ाब, मोमबत्ती और अब औरत के गुप्तांग में सिगरेट भी: सोशल...

स्त्रीकाल डेस्क  इस रिपोर्ट के लिखे जाने तक सोशल मीडिया में अपने विरोध के बावजूद अमेज़न इंडिया ने  महिलाओं  के यौन अंग को टार्गेट कर...

ग्रामीण महिलाओं के श्रम का राजनीतिक अर्थशास्त्र

आकांक्षा  महात्मा  गांधी अन्तरराष्ट्रीय विश्वविद्यालय में स्त्री अध्ययन विभाग में शोधरत। संपर्क : ई मेल[email protected] महिला श्रम की बात करते समय हमारे मस्तिष्क में जो विचार...
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