विशाखा मुलमुले की कविता ‘नदी के तीरे’ तथा अन्य कवितायेँ

विशाखा मुलमुले 1 ) रोटी , रेणुका और मैं हमारे मिलने का समय एक ही होता है अक्सर वह जब आती है मेरे घर मैं बना रही होती...

‘दहेज ले लो दामाद जी’ तथा अन्य कवितायें

मधुलिका बेन पटेल 1.  संवाद झांसी की रानी सीरियल पर एक आंख गाड़े हाथ लपर लपर बेल रहे रोटियां और चल रहा संवाद 'अरे लड़ाई सरकार धोखा देगी ओनखे लखमीबाई के पते...

कई चांद थे सरे-आसमां-शम्सुर्रहमान फ़ारूक़ी

    अनुपम सिंह वज़ीर खानम एक औरत,एक मुहब्बत,एक मज़बूती,एक स्वाभिमान,एक फूल,एक पैगाम का नाम है।   उनकी संक्षिप्त कहानी आपके सामने है- वज़ीर खानम चौदह, पंद्रह...

भारतीय सिनेमा वाया स्त्री विमर्श – तेजस पूनिया

तेजस पूनिया हिंदी साहित्य के महान साहित्यकार आचार्य महावीर प्रसाद का कहना है- "साहित्य समाज का दर्पण है।" यक़ीनन साहित्य समाज का दर्पण होता है...

फूलमणि! कौन सुनेगा तुम्हारी दलील… अपील

अरविन्द जैन  फूलमणि नाम था उस लड़की का और उम्र थी सिर्फ दस साल। उम्र तो गुड्डों-गुड़ियों संग खेलने और स्कूल में पढने-लिखने की थी।...

मीडिया में स्त्री मुद्दे(स्त्री मुद्दों को जनांदोलन बनाए मीडिया)

प्रो. आशा शुक्ला कुलपति, डॉ. बी. आर. अम्बेडकर सामाजिक विज्ञान विश्वविद्यालय, महू, इंदौर, म. प्र., भारत (यह व्याख्यान दिनांक 12 जून 2020 को माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता...

लंबी उम्र का रोमांटिक आदर्शवाद

भारती वत्स करवा चौथ गुजर गई,अब देश के कई हिस्सों में छठ मनाया जा रहा है,थोड़े समय बाद तीज आयेगी ,स्त्रियों के व्रतों की लंबी...

अपूर्णीय क्षति: मृदुला सिन्हा नहीं रहीं

पंखुरी सिन्हा अनेकों पुस्तकों की विदुषी रचयिता, गोआ की पूर्व राज्यपाल, आदरणीया मृदुला सिन्हा जी के असमय निधन से साहित्य, राजनीति और लोक जीवन के...

अनामिका अनु की कवितायें ( ‘लौट आओ स्त्रियाँ’ तथा अन्य )

अनामिका अनु  1.माई ली गाँव के बच्चियों की कब्र(1968) माई ली गाँव में मारी गयी कुछ बच्चियाँ शिन्ह पेंटिंग बन गयी कुछ फूलों की क्यारियाँ कुछ प्राचीन लाल टाइलों...

किसान बिल के विरोध में केन्द्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल का इस्तीफा

पंजाब के शिरोमणि अकाली दल से ताल्लुक रखने वाली हरसिमरत कौर बादल खाद्य प्रसंस्करण मंत्री हैं उन्होंने कृषि संबंधी बिल पर अपना इस्तीफा दे...
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समकालीन स्त्री लेखन और मुक्ति का स्वरूप

रेनू दूग्गल भारतीय समाज में स्त्रियों की ऐतिहासिक स्थिति संतोषजनक नहीं रही यद्यपि वैदिक काल में स्त्रियों की सामाजिक स्थिति अत्यन्त उन्नत थी। इस काल...
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