सिर्फ साजिशें ( कवितायें )

मणिबेन पटेल सिर्फ साजिशें  1. वर्षों पहले कामगारों के लिए कहा था अज्ञेय ने जो पुल बनाएंगे वह अनिवार्यता पीछे रह जाएंगे ... इतिहास में बंदर कहलाएंगे ' संभलो! ऐ दुनिया के चालाक...

भारतीय सिनेमा वाया स्त्री विमर्श – तेजस पूनिया

तेजस पूनिया हिंदी साहित्य के महान साहित्यकार आचार्य महावीर प्रसाद का कहना है- "साहित्य समाज का दर्पण है।" यक़ीनन साहित्य समाज का दर्पण होता है...

फूलमणि! कौन सुनेगा तुम्हारी दलील… अपील

अरविन्द जैन  फूलमणि नाम था उस लड़की का और उम्र थी सिर्फ दस साल। उम्र तो गुड्डों-गुड़ियों संग खेलने और स्कूल में पढने-लिखने की थी।...

मीडिया में स्त्री मुद्दे(स्त्री मुद्दों को जनांदोलन बनाए मीडिया)

प्रो. आशा शुक्ला कुलपति, डॉ. बी. आर. अम्बेडकर सामाजिक विज्ञान विश्वविद्यालय, महू, इंदौर, म. प्र., भारत (यह व्याख्यान दिनांक 12 जून 2020 को माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता...

मीडिया में स्त्री उपभोक्ता और उपभोग

सुभाष कुमार गौतम भूमंडलीकरण के बाद स्त्री आर्थिक रूप से सम्पन्न हुई है। बाज़ार ने उसके लिए अनेक अवसर उपलब्ध कराए हैं। आज स्त्री हर...

प्रियंका सिंह की कवितायें ( ‘पिता’ तथा अन्य )

प्रियंका सिंह  1. पिता जीवन की आकाश थाली में चमकीले तारे तुमने ही तो बिखेरे जिनकी रोशनी बनी पथ प्रर्दशक हमेशा से संघर्षों की लड़ाई में दीवार की टेक रहे तुम दुखों...

सरोज कुमारी की कवितायें (लिफ़ाफ़ा तथा अन्य )

सरोज कुमारी  कवितायें  1. हाथ में चाय की ट्रे लिए धीरे से खोलती है दरवाजा वे साठ पार की माएं आज भी जल्दी उठ जाती हैं माथे की सलवटों में...

लंबी उम्र का रोमांटिक आदर्शवाद

भारती वत्स करवा चौथ गुजर गई,अब देश के कई हिस्सों में छठ मनाया जा रहा है,थोड़े समय बाद तीज आयेगी ,स्त्रियों के व्रतों की लंबी...

यथार्थ के आईने में स्त्री (‘एक बटा दो’ उपन्यास के सन्दर्भ में)

मधुमिता ओझा  आज के सन्दर्भ में आज की स्त्री के बाहर और भीतर के संघर्ष को समझने के लिए लेखिका सुजाता का उपन्यास ‘एक बटा...

अनामिका अनु की कवितायें ( ‘लौट आओ स्त्रियाँ’ तथा अन्य )

अनामिका अनु  1.माई ली गाँव के बच्चियों की कब्र(1968) माई ली गाँव में मारी गयी कुछ बच्चियाँ शिन्ह पेंटिंग बन गयी कुछ फूलों की क्यारियाँ कुछ प्राचीन लाल टाइलों...
309FollowersFollow
691SubscribersSubscribe

लोकप्रिय

‘प्रसाद की रचनाओं में स्त्री स्वर की अभिव्यक्ति’

पूनम प्रसाद जयशंकर प्रसाद आधुनिक हिन्दी साहित्य के गौरान्वित व महान लेखक हैं।जिनके कृतित्व का गौरव अक्षुण है। उनकी प्रतिभा का निरूपण कविता, कहानी, नाटक,...
Loading...